The other side of the mirror...!
" बचे रहो "
झूठा सों दस 'हाथ,विकल सों बीस 'हाथ',
रीझ सों तीस 'हाथ,' , चालीस चंडाल सों |
पापी सों पचास 'हाथ' सर्प सों साठ' हाथ',
अस्सी और नब्बे 'हाथ' नाहर कलार सों |
वैश्या सों बारह 'हाथ',बालक सों तीन 'हाथ',
हाथी सो हज़ार 'हाथ' , सात 'हाथ' आग सों |
बहुत सुख चाहौ तो लाख 'हाथ' बचे रहो,
रांड,सांड, भांड और लम्पट लवार सों|
(Author Unknown)
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